“देश में डीजल पेट्रोल कुकिंग गैस की 88 प्रतिशत निर्भरता दूसरे देशों पर हैं। दूसरे देश पर निर्भर रहकर हम प्रतिदिन चार हजार करोड़ रूपया दूसरे देशों को भेजते हैं। 42 देशों को हम अपना पैसा देते हैं। 55 प्रतिशत एलपीजी का आयात करते हैं। हम बिजली में आत्मनिर्भर हैं दूसरे देशों को हम बिजली निर्यात करते हैं। हम स्वदेशी बिजली से अपनी रसोई में इंडक्शन आदि का प्रयोग कर ऊर्जा बचाने में सहयोग कर सकते हैं और देश को समृद्ध बनाने में अपना योगदान दे सकते हैं”।
उक्त विचार जेके पब्लिक स्कूल, हरदोई में आयोजित ऊर्जा आत्मनिर्भरता अभियान संगोष्ठी में स्वावलंबी भारत अभियान एवं स्वदेशी जागरण मंच के राष्ट्रीय सह संगठक और कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री सतीश कुमार ने व्यक्त किए। अध्यक्षता राजीव मोहन अवस्थी ने की। कवि श्याम त्रिवेदी पंकज और शिक्षक राजकुमार सिंह ने स्वदेशी गीत गाकर स्वदेशी अपनाने का आवाहन किया। वक्ताओं में हर्षवर्धन सिंह, विमलेश दीक्षित, पवन जैन, अशफाक हुसैन, संजीव खरे, अवनीश द्विवेदी ने स्वदेशी अपनाओ और विदेशी सामानों का बहिष्कार करने और इस वैश्विक संकट पर छोटे-छोटे कार्यों में ऊर्जा बचाकर देश की प्रगति में समृद्धि लाने में सहयोग की अपील की। प्रांत समन्वयक हर्षवर्धन सिंह ने आए हुए लोगों का आभार जताया। अध्यक्षीय उद्बोधन के बाद गोष्ठी का समापन किया गया।